श्रीमद् भागवत कथा का भव्य समापन, गौशाला परिसर में उमड़ा श्रद्धा का सैलाब.!
कृष्ण–सुदामा मिलन प्रसंग ने भाव-विभोर किया श्रद्धालुओं को, शेड लोकार्पण व महाप्रसादी का आयोजन.!

पिपलिया मंडी ग्राम बरखेड़ापंथ स्थित श्री राधेकृष्ण गौशाला परिसर में पिपलिया पत्रकार हितार्थ एवं कल्याण समिति के तत्वावधान में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद् भागवत कथा का रविवार को धार्मिक विधि-विधान एवं भव्यता के साथ समापन हुआ। सातवें दिन पौथी पूजन के साथ कथा का विधिवत विश्राम किया गया। इस अवसर पर आयोजन को सफल बनाने में सहयोग करने वाले पत्रकारों, कार्यकर्ताओं एवं सहयोगियों का सम्मान समारोह भी आयोजित किया गया।

कथा के अंतिम दिन भगवान श्रीकृष्ण–सुदामा मिलन प्रसंग का अत्यंत भावनात्मक मंचन प्रस्तुत किया गया। जैसे ही सुदामा और श्रीकृष्ण के मिलन का दृश्य सजीव हुआ, श्रद्धालुओं की आंखें नम हो गईं। पूरा पांडाल “जय श्रीकृष्ण” और “सांवरिया सेठ की जय” के जयघोषों से गूंज उठा। श्रद्धालु भक्ति-भाव में लीन होकर झूमते नजर आए।

भागवताचार्य पं. देवेंद्र शास्त्री ने संगीतमय कथा के माध्यम से धर्म, भक्ति और मानव मूल्यों का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि भगवान सांवलिया सेठ की कृपा से ही मनुष्य को सत्संग और कथा श्रवण का सौभाग्य प्राप्त होता है। यदि किसी को भागवत कथा सुनने का अवसर मिलता है तो यह प्रभु की विशेष कृपा का प्रतीक है। गौशाला के महत्व पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि गौमाता के मध्य ही भगवान का नित्य निवास होता है, जहां गौमाता है वहां प्रभु की साक्षात उपस्थिति रहती है।

पं. शास्त्री ने वर्तमान समय में मोबाइल फोन के अत्यधिक उपयोग पर चिंता व्यक्त करते हुए इसे “फोनासुर” की संज्ञा दी। उन्होंने कहा कि मोबाइल के बढ़ते प्रभाव से समाज में असत्य, भ्रम और दिखावे की प्रवृत्ति बढ़ी है। मनुष्य जहां होता है वहां नहीं बोलता और जहां बोलता है वहां होता नहीं है, जिससे जीवन में झूठ और तनाव बढ़ रहा है।सात दिवसीय कथा के दौरान श्रद्धालुओं एवं दानदाताओं के सहयोग से गौशाला परिसर में नवनिर्मित शेड का निर्माण किया गया। कथा विश्राम के पश्चात शेड का विधिवत लोकार्पण किया गया। इसके बाद महाप्रसादी का आयोजन हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने प्रसादी ग्रहण की। महाप्रसादी देर रात्रि तक चलती रही।

समापन समारोह में करणी सेना प्रमुख जीवनसिंह शेरपुर, किसान नेता श्यामलाल जोकचंद, मंडी व्यापारी रूपचंद होतवानी सहित सामाजिक एवं राजनीतिक क्षेत्र के अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। इस अवसर पर करणी सेना प्रमुख जीवनसिंह शेरपुर ने गौशाला में बीमार गौमाताओं की सेवा हेतु लिफ्ट मशीन, एम्बुलेंस उपलब्ध कराने तथा 11 शेड चद्दर प्रदान करने की घोषणा की।
कथा आयोजन को सफल बनाने में प्रेस क्लब संरक्षक मनोहर काबरा, अध्यक्ष जगदीश पंडित, सचिव जे.पी. तेलकार, शंभू मेक, प्रकाश बंसल, नरेंद्र राठौर,निखिल सोनी,रवि पोरवाल,राजेश फरक्या,ललित सोलंकी,विजय गेहलोत, गौशाला समिति अध्यक्ष मोहनलाल तेलकार, फूलचंद सैनी, जगदीश माकनिया, जगदीश तेलकार सहित बड़ी संख्या में पत्रकारों, गौसेवकों, जनप्रतिनिधियों, महिलाओं एवं श्रद्धालुओं का विशेष योगदान रहा। कार्यक्रम का संचालन यशराज व्यास ने किया, जबकि अंत में दिनेश कारपेंटर ने सभी के प्रति आभार व्यक्त किया।




